नक्सल प्रभावित क्षेत्र में जिला प्रशासन ने आयोजित किया चौथा जनकल्याण शिविर
एसपी आदित्य मिश्रा ने नक्सली संपत और संगीता को उनके ही गांव से दिया वापसी का संदेश

कलेक्टर मृणाल मीना ने वन पट्टों के सम्बंध में सरपंचों से किया संवाद
बालाघाट| मप्र शासन की आत्मसमर्पण नीति और विकास नीति को लेकर नक्सल प्रभावित गांव राशिमेटा में जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन द्वारा संयुक्त रूप से शिविर आयोजित किया गया। शिविर में नवागत पुलिस अधीक्षक आदित्य मिश्रा ने ग्रामीणों से कहा कि समय बदल रहा है, बदलते समय में आपके क्षेत्र में कई विकास कार्य हुए है। अब आप लोग घर से अपने रिश्तेदारों से मोबाइल पर बात कर पा रहे है। गांव तक सड़क पहुँची है। शासन और प्रशासन आपकी सुरक्षा के साथ ही विकास करना चाहता है। जो भटक गए है उनके भहकावे न आएं। तुम्हारा गांव तुम्हारी जमीन है जो करना चाहते है वो करें। किसी के बहकावे न आये। आपके ही गांव के संपत और संगीता ने जो रास्ता अपनाया है, वो रास्ता ठीक नही है। अगर वो वास्तविक विकास चाहते है तो सरपंच का चुनाव लड़े और विकास का रास्ता अपनाए। मप्र की आत्मसमर्पण नीति-2023 में कई तरह के प्रावधान किए गए है। जो आत्मसमर्पण करेंगे उनको कई व्यवस्थाएं और सुविधाएं दी जाएगी। वास्तविक अर्थों में नक्सली आपका भला चाहते है तो विकास से जुड़े। शिविर में प्राप्त आवेदनों के निराकरण के लिए कलेक्टर मृणाल मीना ने सरपंचों से सीधा संवाद करते हुए कहा कि वन पट्टे के निराकरण पूरे नियमानुसार किया जाएगा। पात्र होगा उन्हें पट्टे दिए जाएंगे। साथ ही सचिव,वन विभाग और जनपद पंचायत को जिम्मेदारी देते हुए कहा कि जो भी वन पट्टो के आवेदन प्राप्त हुए है। वन मित्र पोर्टल पर दर्ज कराए, साथ ही जिनके आवेदन में कोई दस्तावेज नही है तो पूर्ण भी कराने की जिम्मेदारी उनकी ही होगी।

सरपंच ने कोदो-कुटकी के प्राप्त नही होने की बात रखी। कलेक्टर मीना ने बीज वितरण के सम्बंध में कृषि विभाग एसएडीओ से वितरण के जानकारी ली। वहीं कृषि उपसंचालक से सीधे बात कर कल ही वितरण कराने के निर्देश दिए है। इसके अलावा सोनगुद्दा क्षेत्र ने स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को सुचारू रूप से सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। शिविर में प्राप्त आवेदनों के सम्बंध में विभागों को निराकरण की टाइमलाइन भी तय की।
प्रशासन आपके पास आपकी समस्या जानने पहुँचा
शिविर के दौरान कलेक्टर मृणाल मीना ने यह भी कहा कि प्रशासन आपके पास आपकी समस्याओ को जानने समझने के लिए पहुँचा है। साथ ही जो शिकायतें प्रशासन के संज्ञान में लायी गयी है, उन सभी शिकायतों को दूर करना ही हमारा लक्ष्य है। आप सभी की समस्याओं के निराकरण ही हमारा दायित्व है। सभी योजनाओँ में सेच्युरेशन लाना है। इस सेच्युरेशन में सभी लाभांवित होंगे। कलेक्टर मृणाल मीना ने राशिमेटा में विभिन्न योजनाओं के हितग्राहियों का डेटा भी रखा।
शिविर में लाभांवित हितग्राहियों की जानकारी
शिविर के दौरान सिक्लिंग 86,मलेरिया टेस्ट 100,ओपीडी 262, चेस्ट एक्सरे 19, आंखो की जांच 20, टीबी स्क्रीनिंग- 74, टीबी मरीजों हेतु पोषण कीट वितरण 02, स्क्रीनिंग 10, पीएम जनमन एमएमयू 25, आभा कार्ड 36, हिमों ग्लोबिन टेस्ट 25, सिकिल टेस्ट 22, सुगर टेस्ट – 4, आधार अपडेशन 52, पीएम एपीवाय 20, आयुष्मान कार्ड 24, पीएम जेजेवाय 05, पीएम जेएसवाय 10, पीएम मातृवंदना 01, लाडली लक्ष्मी 01, सुकन्या समृद्धि योजना 01, पेंशन स्वीकृति 08, समग्र परिवार विभाजन 19, राशन पर्ची- 120, जाति प्रमाण पत्र हेतु आवेदन प्राप्त 145, बीपीएल हेतु आवेदन प्राप्त 137, विवाह / मृत्यु/जन्म पंजीयन 38, वन अधिकार पट्टे हेतु आवेदन 31, आहार अनुदान हेतु प्राप्त आवेदन 39, समग्र ई-केवायसी – 05, कृषि विभाग द्वारा मक्का बिज वितरण 02 हितग्राही, कलेक्टर महोदय को दिये गए आवेदन की संख्या 369, शिविर में भाग लेने वाली ग्राम पंचायतें दुल्हापुर, डाबरी, दड़कसा, सोनगुड्डा, अडोरी, धुनधुनवार्धा, घुम्मुर लगभग 400 से अधिक हितग्राही शामिल हुए।
शिविर के दौरान आईजी संजय कुमार, एसडीएम अर्पित गुप्ता, सहायक कलेक्टर आकाश अग्रवाल सहित विभागों अधिकारी मौजूद रहे।




