बालाघाट के शासकीय चिकित्सालयों में अमानक दवा वितरित, प्रबंधन ने मल्टी विटामिन के 1 लाख केप्सूल मरीजों में बाटे
कम्पनी से बात करेंगे : डॉ. उपलप सीएमएचओ

बालाघाटl बालाघाट के शासकीय चिकित्सालय में एक लाख मल्टी विटामिन कैप्सूल अमानक पाए गए हैं। ये सभी कैप्सूल मरीजों को बांट दिए गए हैं। दवाएं कोटेक हेल्थकेयर प्राइवेट लिमिटेड, देहरादून से आई थीं। जिले ने 28 मार्च 2024 को एक लाख मल्टी विटामिन की मांग की थी। 21 मई 2024 को बैच नंबर सीएचटी-40426 की दवाएं प्राप्त हुईं। इन दवाओं क एक्सपाइरी सितंबर 2025 थी। ड्रग इंस्पेक्टर स्वप्निल जैन ने 2 सितंबर 2024 को वारासिवनी सिविल अस्पताल से रैंडम सैंपल लिया था।
शासकीय औषधि प्रयोगशाला से 14 मई 2025 को आई रिपोर्ट में इन दवाओं को अमानक घोषित किया गया। सीएचएमओ परेश उपलप के अनुसार, दवाओं के साथ पहले मानक होने की रिपोर्ट मिली थी। इसी आधार पर इन्हें वितरित करने की अनुमति दी गई थी।
यह जिले का पहला मामला है, जहां इतनी बड़ी मात्रा में दवाएं अमानक पाई गई हैं। राहत की बात यह है कि अब तक किसी मरीज से स्वास्थ्य संबंधी शिकायत नहीं मिली है। वर्तमान में अमानक दवाओं का स्टॉक समाप्त हो चुका है। स्वास्थ्य विभाग इस मामले में दवा निर्माता कंपनी से पत्राचार करेगा।
“अभी तक उस दवा के सेवन से किसी को नुकसान होने की कोई जानकारी नहीं मिली है। फिर भी कंपनी से पत्राचार किया जाएगा।”
डॉ.परेश उपलप
सीएचएमओ बालाघाट



