मध्यप्रदेशराज्य

जल संकट रोकने के उपायों पर स्कूलों में कहानियाँ, किस्से सुनाए जाएंगे

12 वनमंडलो में 5600 हेक्टेयर क्षेत्र में 10 लाख पौधे लगाएं जाएंगे

 

प्याऊ, खेत तालाब, ताल व जल स्त्रोतों पर श्रमदान

बालाघाट| जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत जिले में विभिन्न विभागों द्वारा कार्य योजना तैयार कर ली गई है। साथ ही जलस्त्रोतों पर श्रमदान के कार्य भी लगातार जारी है। जल संवर्धन के आवश्यक कार्यो के साथ ही जन जागरूकता के कार्य भी प्रारम्भ हो गए है। इसके लिए शिक्षा विभाग ने स्कूली विद्यार्थियों में जल संरक्षण के संस्कार व संस्कृति विकसित हो इसके लिए स्कूलों में विभिन्न प्रतियोगिताओ के माध्यम से विद्यार्थियों को बताया जाएगा। जिला शिक्षा अधिकारी श्री एके उपाध्याय ने बताया कि स्कूलों में 2 अप्रैल से नियमित प्रतियोगिताये और अन्य गतिविधियां प्रारम्भ की गई है। जिसमें जल की महत्वता और इसके बचाव के लिए हर दिन 1 घंटे की कक्षा ली जा रही है। शनिवार को जल संकट रोकने के उपायों पर 1 घंटा कक्षा ली जाएगी। इसमें कविताओं, कहानियों व किस्सों के माध्यम से जल बचाने के आसान तरीके बताते हुए जल संरक्षण के महत्व बताये जाएंगे।

विद्यालय में जल संग्रहण से लेकर संवर्धन के वैज्ञानिक मॉडल भी तैयार होंगे

शिक्षा विभाग द्वारा बनाई गई कार्ययोजना में निबंध, पोस्टर, रंगोली, परिचर्चा और संवाद के अलावा कई गतिविधियां आयोजित की जा रही है। 2 अप्रैल को हर स्कूल में विद्यालय में पानी टंकी संग्रहण के साथ साफ सफाई, 3 अप्रैल को कूलर मटकों शीतल पेय जल के स्थानों की सफाई की गई। साथ ही स्कूलों में जल संरक्षण के लिए वैज्ञानिक रूप से मॉडल तैयार कराए जाएंगे।

वन विभाग ने भी बनाई कार्ययोजना

जल गंगा अभियान के तहत वन विभाग द्वारा कार्ययोजना तैयार की गई है। इसके अनुसार 12 वनमंडलो में 5600 हेक्टेयर क्षेत्र में 10 लाख 85 हजार पौधे रोपने का लक्ष्य रखा है।

श्रमदान में बढ़ने लगे हाथ स्त्रोत होने लगे साफ

शुक्रवार को मलाझखण्ड, बैहर, लांजी, वारासिवनी निकायों में श्रमदान के कार्य किये गए। मलाजखण्ड में अभियान के तहत छितालपानी तालाब में कटंगी नगर परिषद में बगीचे की सफाई, बैहर में सीडियां तालाब और वारासिवनी में शंकर तालाब पर श्रमदान किया गया। जबकि ग्रामीण क्षेत्रो में खेत तालाब बनाने का सिलसिला लगातार जारी है। इसमें बिरसा जनपद के निक्कूम, धुंधुनवारधा, बिजाटोला और देवगांव में लघु तालाब, बालाघाट जनपद में मगरदर्रा ऑयर अन्य जनपदों में भी मनरेगा के तहत निर्माण कार्य प्रारम्भ हुए है। इसी तरह भरवेली सहित मगरदर्रा व अन्य ग्रामीण क्षेत्रों में प्याऊ स्थापित की गई है।

जल संरक्षण व संवर्धन की जागरूकता के लिए प्रतियोगिताए

जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत शिक्षा विभाग को जल संरक्षण व संवर्धन के लिए जगरूकता की जिम्मेदारी सौंपी गई है।शिक्षा विभाग द्वारा 5 अप्रैल को स्कूलों में 1 घंटे जल संकट रोकने के उपायों पर चर्चा की जाएगी।

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