सरपंच पर हमले के खिलाफ पंचायत क्षेत्र चारो खूंट बंद
महिलाओं ने निकाली रैली, पंचायत क्षेत्र में पसरा सन्नाटा

ब्यूरो बालाघाट(म0प्र0)

गर्रा पंचायत सरपंच और सरपंच संघ अध्यक्ष वैभवसिंह बिसेन पर हमला करने की नियत से घर में घुसे लोगों पर कार्यवाही की मांग को लेकर, शुक्रवार को सुबह से ही पंचायत क्षेत्र बंद है, औद्योगिक क्षेत्र में जहां सुबह से ही चाय-नाश्ते और दैनिक उपयोग की सामग्री के लिए, चहल-पहल रहती है, आज वहां सन्नाटा पसरा है।
पंचायत प्रतिनिधि और ग्रामीण, सरपंच पर हमला करने की नियत से घुसे लोगों पर कार्यवाही और अतिक्रमण में बने भवन और शराब दुकान को हटाने की मांग कर रहे है।
आपको बताते चले कि 29 जुलाई की रात आधा दर्जन से ज्यादा हमलावरों ने पंचायत सरपंच वैभवसिंह बिसेन के घर, हमला करने की नियत से घुसे थे। जिसका सीसीटीव्ही फुटेज सामने आने के बाद मामले में पुलिस ने धर्मेन्द्र उर्फ राजू मिश्रा सहित अन्य आठ लोगों पर बीएनएस की धाराओ के तहत अपराध दर्ज किया है लेकिन पंचायत सरपंच वैभवसिंह बिसेन, उन पर संगठित धाराओ के तहत भी मामला दर्ज करने की मांग कर रहे है। उनका कहना है कि सजायाफ्ता लोग, शांतप्रिय बालाघाट जिले में संगठित अपराध को बढ़ावा दे रहे है।

जिले में लगातार तीन दिनों से यह मामला सुर्खियो में है और आज शुक्रवार को मामले को लेकर क्षेत्रीय महिलाओं ने अतिक्रमित भूमि पर बने भवन और शराब दुकान को हटाने के साथ ही सरपंच पर हमला करने की नियत से घुसे लोगों पर कड़ी कार्यवाही की मांग को लेकर, पंचायत क्षेत्र को बंद कराया है। जिससे गर्रा पंचायत के पूरे क्षेत्र में बंद का व्यापक असर देखा जा रहा है। महिलाओ ने पंचायत क्षेत्र में रैली निकाली। दोपहर को गर्रा चौक पर सभा का आयोजन किया गया है।

पंचायत चुनाव में यह मेरे वचन में था कि पंचायत क्षेत्र में दुर्गामंदिर बनेगा और शराब दुकान को हटाया जाएगा। उन्होंने कहा कि 22 अक्टूबर को मां दुर्गा की स्थापना की जाएगी। यह मुझ पर नहीं गर्रा की आत्मा और गर्रा के हर लोगों पर हमला है। इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि हमें प्रशासन और पुलिस को पूरा विश्वास है कि वह इस मामले में न्यायोचित कार्यवाही करेंगे।
सरपंच वैभवसिंह बिसेन, सरपंच संघ अध्यक्ष




